रिटायर्ड एम्बुलेंस ड्राइवर ने 14000 लोगों की अंतिम इच्छा पूरी की, उन्हें समुद्र से लेकर फुटबॉल मैच तक दिखाया
एम्सटर्डम / नीदरलैंड्स के रिटायर्ड एम्बुलेंस ड्राइवर ने 14000 लोगों की अंतिम इच्छा पूरी की। इनमें एक बुजुर्ग दंपति भी शामिल है, जिसने आखिरी बार बर्फ देखने की इच्छा जताई थी। 60 साल के पैरामेडिको कीस वेल्दोबोर को यह विचार उस वक्त आया जब वे गंभीर रूप से बीमार एक व्यक्ति को दूसरे अस्पताल ले जा रहे थे। उस वक्त उन्होंने मरीज से पूछा था कि आप आखिरी वक्त में कहा जाना पसंद करेंगे। इसके बाद कीस ने इसे एक मुहिम में बदल दिया।
कीस वेल्दोबोर ने बताया, "इस विचार के एक साल बाद उन्होंने एम्बुलेंस विश फाउंडेशन की स्थापना की। वे अब तक 14000 मरीजों को उनकी आखिरी इच्छा के तौर पर फुटबॉल मैच, अस्तबल, बीच, कार रेसकोर्स, एग्जीबिशन सेंटर, मछलीघर, जू और पहाड़ों पर साइट सीट समेत अन्य स्थानों पर ले जा चुके हैं।" वे बताते हैं कि उनकी पत्नी इनेका (61 साल) भी इस काम में उनकी मदद कर रही है।
वेल्दोबोर 20 साल से एम्बुलेंस ड्राइवर थे
- वेल्दोबोर ने बताया कि उन्होंने एक अस्तपाल की एम्बुलेंस को करीब 20 साल तक चलाया। इसके बाद उन्होंने खुद की एक एम्बुलेंस खरीद ली, जिसके जरिए वह लोगों की मदद कर रहे हैं। उन्होंने बताया कि लोगों की मदद कर उन्हें बेहद अच्छा लगता है। तब और आत्मिक सुख मिलता है, जब आप किसी की आखिरी इच्छा पूरी करते हैं। उन्होंने बताया कि एक बार वे एक बीमार किशोर को उसके घर स्विट्जरलैंड पहाड़ दिखाने ले गए, जो उसने कभी नहीं देखा था। उन्होंने बताया कि वे हर दिन छह गंभीर रूप से बीमार लोगों की मदद करते हैं।
- वेल्दोबोर कहते हैं कि लोगों की मदद करना हमारे लिए आसान सी बात है, लेकिन उन लोगों के लिए खास है। हम ऐसे लोगों की मदद के लिए दूसरे देशों तक जाते हैं। कुछ स्थान तो वाकई शानदार होते हैं।
- वे बताते हैं कि कई महीनों से बीमार एक महिला को उसकी आखिरी इच्छा के तहत हम उसके आश्रम ले गए। जहां वह महिला एक घंटे तक खड़े होकर चारों तरफ देखती रही। उसने वहां बेहद क्वालिटी टाइम बिताया। दो दिन बाद उसकी मौत हो गई।